मोबाइल फ़ोनों के लिए पाणिनी हिंदी कीबोर्ड

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अगर आपके मोबाइल फ़ोन में हिंदी तथा जावा समर्थन उपलब्ध है, तब तो “पाणिनी कीपैड” आपके मोबाइल फ़ोन के लिए एक उम्दा औजार है हिंदी लेखन के लिए...

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अगर आपके मोबाइल फ़ोन में हिंदी तथा जावा समर्थन उपलब्ध है, तब तो “पाणिनी कीपैड” आपके मोबाइल फ़ोन के लिए एक उम्दा औजार है हिंदी लेखन के लिए. इसका उन्नत किस्म का प्रेडिक्टिव तकनॉलाजी और इंटेलिजेंट इनपुट मैथड एक तरह से हिंदी (भारतीय भाषाओं) के लिए ही डिजाइन किया गया है.

इस औजार के जरिए अन्य तमाम भारतीय भाषाओं में भी टाइप कर सकते हैं तथा रोमन में लिखी सामग्री को हिंदी या हिंदी सामग्री को रोमन में भी बदल सकते हैं. इसका इंटेलिजेंट इनपुट दो स्तर पर काम करता है. जैसे ही आप कोई व्यंजन चुनकर टाइप करते हैं, उसके लिए आवश्यक मात्राओं की सूची कुंजीपट पर स्वयमेव आ जाती है. इसी तरह स्वचालित रूप से शब्द पूर्णता (वर्ड कम्प्लीशन), प्रेडिक्टिव टैक्स्ट इत्यादि भी इसमें है. पणिनी कीपैड सांख्यिकिक प्रीडिक्टिव टेक्स्टिंग पर आधारित है, जो शब्द आप लिखना चाहते है, उसके प्रत्येक अक्षर का पूर्वानुमान यह स्वयं लगा लेता है

आप इस औजार को मुफ़्त में डाउनलोड कर अपने मोबाइल में संस्थापित कर जाँच परख कर सकते हैं.

डाउनलोड लिंक - http://www.paninikeypad.com/

वैसे, मैंने इसे नोकिया 6275 (इसमें नोकिया का अंतर्निर्मित, टाइपिंग सहित पूर्ण हिंदी समर्थन है) में संस्थापित कर चलाने की कोशिश की, तो अवैध अनुप्रयोग की त्रुटि आई. सैमसुंग कोर्बी सीडीएमए में यह बेहद आसानी से इंस्टाल हो गया पर टाइपिंग के समय टाइप बक्से में यह हिंदी अक्षरों को नहीं दिखाता (रोमन में कन्वर्ट करने पर अक्षर दिखते हैं). अलबत्ता टाइप बढ़िया करता है. टचस्क्रीन के जरिए पाणिनी कीपैड में हिन्दी में टाइप करना बेहद आसान है. भविष्य में आईपैड जैसे उपकरणों में हिंदी टाइप करने के लिए पाणिनी कीपैड क्रांति ला सकता है.

एक बढ़िया, प्रॉमिस करती टेक्नोलॉज़ी. अवश्य आजमाएँ. भविष्य में शायद हमें वर्तनी जाँच/थिसॉरस/शब्दकोश/पर्यायवाची इत्यादि की सुविधा भी मिले?

COMMENTS

BLOGGER: 10
  1. इस महत्वपूर्ण लेख का लिंक हिन्दी विकि पर देकर मैने भी अपने हिस्से का काम कर दिया है। लेख और जानकारी के लिये साधुवाद।

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  2. बहुत दिनों से मै नोकिया के e 63 मोबाईल मे हिन्दी लिखने का जुगाड ढूँढ रहा हूँ शायद यह काम करे !! इन्सटाल कर के देखता हूँ !

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  3. महोदय,

    पिछले कई दशक से हमारे समाज में महिलाओं को पुरुषों के बराबर का दर्जा देने के सम्बन्ध में एक निर्थक सी बहस चल रही है. जिसे कभी महिला वर्ष मना कर तो कभी विभिन्न संगठनो द्वारा नारी मुक्ति मंच बनाकर पुनर्जीवित करने का प्रयास किया जाता रहा है. समय समय पर बिभिन्न राजनैतिक, सामाजिक और यहाँ तक की धार्मिक संगठन भी अपने विवादास्पद बयानों के द्वारा खुद को लाइम लाएट में बनाए रखने के लोभ से कुछ को नहीं बचा पाते. पर इस आन्दोलन के खोखलेपन से कोई भी अनभिज्ञ नहीं है शायद तभी यह हर साल किसी न किसी विवादास्पद बयान के बाद कुछ दिन के लिए ये मुद्दा गरमा जाता है. और फिर एक आध हफ्ते सुर्खिओं से रह कर अपनी शीत निद्रा ने चला जाता है. हद तो तब हुई जब स्वतंत्र भारत की सब से कमज़ोर सरकार ने बहुत ही पिलपिले ढंग से सदां में महिला विधेयक पेश करने की तथा कथित मर्दानगी दिखाई. नतीजा फिर वही १५ दिन तक तो भूनते हुए मक्का के दानो की तरह सभी राजनैतिक दल खूब उछले पर अब १५ दिन से इस वारे ने कोई भी वयान बाजी सामने नहीं आयी.

    क्या यह अपने आप में यह सन्नाटा इस मुद्दे के खोख्लेपर का परिचायक नहीं है?

    मैंने भी इस संभंध में काफी विचार किया पर एक दुसरे की टांग खींचते पक्ष और विपक्ष ने मुझे अपने ध्यान को एक स्थान पर केन्द्रित नहीं करने दिया. अतः मैंने अपने समाज में इस मुद्दे को ले कर एक छोटा सा सर्वेक्षण किया जिस में विभिन्न आर्थिक, समाजिक, राजनैतिक, शैक्षिक और धार्मिक वर्ग के लोगो को शामिल करने का पुरी इमानदारी से प्रयास किया जिस में बहुत की चोकाने वाले तथ्य सामने आये. २-४०० लोगों से बातचीत पर आधारित यह तथ्य सम्पूर्ण समाज का पतिनिधित्व नहीं करसकते फिर भी सोचने के लिए एक नई दिशा तो दे ही सकते हैं. यही सोच कर में अपने संकलित तथ्य आप की अदालत में रखने की अनुमती चाहता हूँ. और आशा करता हूँ की आप सम्बंधित विषय पर अपनी बहुमूल्य राय दे कर मुझे और समाज को सोचने के लिए नई दिशा देने में अपना योगदान देंगे.

    http://dixitajayk.blogspot.com/search?updated-min=2010-01-01T00%3A00%3A00-08%3A00&updated-max=2011-01-01T00%3A00%3A00-08%3A00&max-results=6
    Regards

    Dikshit Ajay K

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  4. ACHI JANKAR DI AAP NE KOSIS KARUNGA KAM ME LINE KI

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  5. उपयोगी जानकारी आभार, नोकिया के पुराने हिंदी कीबोर्ड से तो काफी बेहतर है मेरे पास नोकिया 3110 क्लासिक है उसमे ये आराम से इंस्टाल हो गया और चला भी बेहतर ,पर इसमे भी टाइपिंग करना सीखना पड़ेगा

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  6. नोकिआ ३११० पर सही चला।

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  7. बहुत बढिया और काम की जानकारी दी है जी आभार
    अभी करके देखते हैं

    प्रणाम

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  8. निश्चित ही यह जरूरत से ज्यादा ईजी लगती है ! आभार इस आलेख के लिए !

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  9. रवि जी दो दिन से मै खुद सोच रहा था इस विषय पर आपको मेल करने के लिए

    नोकिया ५८०० में ओपेरा १० यूज कर रहा हूँ ये सोफ्टवेयर कहल जाना चाहिए
    नहीं चला तो आपकी शरण में फिर से आयेंगे

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  10. रवि जी डाउनलोड करके इंस्टाल कर लिया है मगर ये समझ नहीं आ रहा अब इसकी सहायता से ओपेरा १० में हिंदी में कैसे लिखू ?

    वैसे लिखने में भी दिक्कत हो रही है :)

    जैसे "कंप्यूटर में गूगल त्रर्न्स्लेटर" है कही भी हिन्दी लिखो
    वैसे ही ये मोबाइल के लिए काम करेगा ???

    जवाब देंहटाएं
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