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चिट्ठाकारों के लिए मूढ़मतियों का गाइड

हम सभी के भीतर एक मूढ़मति छुपा हुआ होता है. किसी कार्य को, किसी ट्रिक को, किसी टिप को आजमाने के लिए हमें तरीके ढूंढने होते हैं, जुगाड़ लगाने होते हैं. और, बहुधा, आसान से लगने वाले कार्य भी सीधे-सीधे पल्ले नहीं पड़ते.

इन्हीं बातों के मद्देनजर लिखी गईं तमाम विषयों के डमी के गाइड और परिपूर्ण ईडियट की गाइडें बाजार में अच्छी खासी संख्या में बिकती रही हैं.

मेरा शुरूआती कम्प्यूटिंग ज्ञान डमीज गाइड टू यूनिक्स और डमीज गाइड टू विंडोज के सहारे ही परवान चढ़ा था. अभी भी कभी कहीं पर अटकता हूं तो ये किताबें काम आती हैं क्योंकि कभी स्मृत्तिलोप यदा कदा होता ही रहता है, तो कभी अब तक नहीं आजमाए गए नए पुराने जुगाड़ों के लिए भी उनके पन्ने पलटने पड़ते हैं.

ब्लॉगर के लिए भी एक डमीज गाइड है. यह ऑनलाइन है और मुफ़्त है. हालाकि अभी ये किसी सूरत में परिपूर्ण नहीं है, मगर फिर भी कुछ शुरूआती विस्तृत गाइड तथा टिप्स और ट्रिक्स इसमें उपलब्ध हैं, जो ब्लॉगर के चिट्ठाकारों के लिए बहुत काम के हैं.

और, यदि आप वर्डप्रेस इस्तेमाल करते हैं तो फिर तो आपके लिए पूरे का पूरा वर्डप्रेस फ़ॉर डमीज किताब उपलब्ध है. अभी खरीद लाएँ अपने ब्लॉगिंग अनुभव में चार चांद लगाने के लिए. और, ये देखिए, यहां पर चिट्ठाकारी के लिए जड़मतियों का गाइड (ईडियट्स गाइड टू ब्लॉगिंग) भी तो उपलब्ध है!

तो जाइए, कुछ नई बातें वहां से सीख लीजिए और अपने ज्ञान को हमसे साझा कीजिए.

और, मूढ़मतियों के गाइड के नाम से कतई शर्मिंदा न हों.

क्योंकि, स्मार्ट पीपल रीड्स ईडियट्स गाइड!

टिप्पणियाँ

  1. हम मूढ़मतियों के लिए आपने अच्‍छा शब्‍द दिया ।
    आजकल मुंबई की सड़कों पर मूढ़मतियों के लिए बहुत सारी किताबें मिलती हैं । दुनिया में मूढ़मतियों की तादाद बढ़ रही हैं । संसार के सारे मूढ़मतियों जिंदाबाद । लगे रहो । मूढ़मतियों आगे बढ़ो हम तुम्‍हारे साथ हैं । मूढ़मति एकता जिंदाबाद ।

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  2. इस मूढ़मति को मार्ग दिखाने के लिए आभार :)

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  3. जिन्दाबाद जिन्दाबाद!
    यूनुस भाई के नारे को बुलंद कर रहा हूँ.

    उत्तर देंहटाएं
  4. बुकमार्क कर लिया गया है इस मूढमति के द्वारा. आभार.

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  5. जिन्दाबाद भई जिन्दाबाद! हम भी मूढ़मतियों में शामिल हैं। ओ रैली वाली की किताबें तो मुश्किल लगती हैं पर डमीज और सैम्स वाली समझ आ जाती हैं। :)

    उत्तर देंहटाएं

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