जूस्ट : टीवी जैसा कि आप हमेशा से देखना चाहते थे!


टेलिविजन का जादू - इंटरनेट की अंतर्निर्मित शक्ति के साथ. जूस्ट आपको अपने टेलिविजन चैनलों का आनंद देने के लिए संपूर्ण नियंत्रण प्रदान करता है जिससे टेलिविजन की आपकी दुनिया बदल कर रह जाती है.

ये कुछ पंक्तियाँ आप पाएंगे जूस्ट के मुख पृष्ठ पर. यू-ट्यूब, ब्लिंक्स इत्यादि वीडियो आधारित वेब साइटों में जहाँ आप अपने पसंद के हर संभव वीडियो और टेलिविजन चैनलों के एपीसोड्ड ढूंढ ढांढ कर आराम से और आसानी से मुफ़्त में देख सकते हैं, जूस्ट में ऐसा नया क्या है?

जूस्ट की कल्पना आपको इंटरनेट के जरिए एक सामान्य टेलिविजन चैनल की सुविधा प्रदान करने की है. और, आरंभिक जांच परख में यह अपने काम में सफल प्रतीत होता है - बशर्ते आपके पास भरोसेमंद ब्रॉडबैण्ड सेवा हो - कम से कम 1 एमबीपीएस डाउनलोड सुविधा सहित.

कोई दो-तीन महीने पूर्व मैंने जूस्ट बीटा टेस्टिंग के लिए पंजीकरण किया था. कल उनका आमंत्रण प्राप्त हुआ तो कुछ जांच परख किया गया. मैंने रेंडमली एक चैनल पर एक एपीसोड चुना - वर्ल्ड ऑफ़ स्टुपिड. मेरे बीएसएनएल के ब्रॉडबैण्ड में जो कहने को तो 2 एमबीपीएस सेवा है, यह भयंकर रूप से अटक अटक कर चला. एक वर्कअराउण्ड है - आप इस एपिसोड को चलाकर जूस्ट को पॉज़ कर दें. फिर आराम से आधे घंटे बाद प्ले करें. तब तक यह आपके हार्ड डिस्क में अपेक्षित बफर मेमोरी बनाकर रखता है और फिर आप एपिसोड का आनंद ले सकते हैं.

जूस्ट की पिक्चर क्वालिटी यू-ट्यूब इत्यादि के बनिस्वत बहुत अच्छी है. जूस्ट का कहना है कि वे सीडी क्वालिटी की पिक्चर व साउंड देंगे. मेरे कम्प्यूटर में ब्रॉडबैण्ड के सही नहीं होने से इसकी सही जांच नहीं हो सकी फिर भी पिक्चर क्वालिटी अन्य ऑनलाइन वीडियो सेवाओं से तो कई गुना बेहतर रही.

जूस्ट का इस्तेमाल आसान है. इसका करीब 10 एमबी की संस्थापना फ़ाइल को कम्प्यूटर पर संस्थापित करना होता है बस. और फिर आप चालू हो जाएं दुनिया के तमाम टेलिविजन चैनलों का दर्शन करने. न किसी केबल की आवश्यकता, न केबल वाले की, न सेटटॉप बॉक्स की और न डिश एंटीना की. और ऊपर से यह किसी भी मासिक सब्सक्रिप्शन शुल्क से बिलकुल आजाद है यानी कि बिलकुल मुफ़्त. हाँ, आपको एक बार प्रारंभ में जूस्ट में पंजीकृत होना होता है ताकि आपकी पसंदगी इत्यादि जूस्ट पर सहेजी रखी जा सके.

जूस्ट विज्ञापन आधारित सेवा होगी - यानी कि टेलिविजन के चैनलों में आपको विज्ञापन इत्यादि देखने को मिलेंगे - और हो सकता है कि संदर्भित विज्ञापन भी. यानी कि किसी एपिसोड को दर्शक अमरीका में देख रहा है तो वहाँ उसे अमरीकी होटल का विज्ञापन दिखे और भारतीय दर्शक को भारतीय ढाबे का. और, चूंकि यह विज्ञापन आधारित सेवा है, इसीलिए यह बिलकुल मुफ़्त है. जूस्ट हालाकि मुफ़्त है, मगर यह प्रतिघंटा 350 एमबी डाउनलोड तथा 100 एमबी अपलोड बैंडविड्थ खाता है. अतः अगर आपके पास अनलिमिटेड खाता नहीं है, तो करीब दस घंटे जूस्ट देखने पर 1 जीबी की सीमा आसानी से पार हो सकती है.

जूस्ट की एक और बड़ी सुविधा है - आप अपने पसंदीदा चैनलों व एपिसोडों को कभी भी किसी भी समय देख सकते हैं - अपने पसंदीदा समय के अनुसार रीशेड्यूल कर सकते हैं और अपना मनचाहा चैनल बना सकते हैं जिसमें दर्जन-दो-दर्जन अलग अलग चैनलों के अलग अलग एपिसोडों का सम्मिश्रण भी हो सकता है - यानी संभावनाएँ अनंत हैं.

जूस्ट में अभी तो दर्जनों चैनल हैं, भविष्य में सैकड़ों होंगे. और, मेरे रतलाम में जहाँ कि ले देकर सड़े गले पचासेक चैनल हैं, और प्रियरंजन दास मुंशी के बाबुओं की नजर कभी एएक्सएन और कभी फैशन टीवी पर लगती रहती है, ऐसे में हॉट एण्ड वेट जैसा अमरीकी चैनल तो मेरे टेलिविजन देखने में आनंद भर ही देगा. लगता है, मात्र इस एक कारण से ही जूस्ट चल निकलेगा. मगर फिर, इस टीवी चैनल पर सरकारी बंदिशों की बात न होने लगे! जूस्ट ब्लॉग के मुताबिक अमरीकी सीबीएस टेलिविजन नेटवर्क से बातचीत जारी है - सीबीएस नेटवर्क के सारे चैनल जूस्ट पर उपलब्ध करवाने हेतु.

तो, जब तक कोई बंदिश लगे, आप भी जूस्टिया लें.

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अरे रवि जी एक निमंत्रण तो भेजिए।

संजय बेंगाणी

अनंत सम्भावनाएं है.

बडे भाई इसमे वो बैन वाले चैनल भी है क्या काम की बात दबा गये

अच्छी जानकारी दी है आपने..

टीवी जैसा कि आप हमेशा से देखना चाहते थे - www.lordoftv.com

रवि बडी सही जानकारी लाये हैं शुक्रिया। निमंत्रण भेजिये तो सही

मुझे भी निमंत्रण भेजिए सरकार. :)

अनुराग जी, तरूण जी, पंकज जी,

जूस्ट वाले चालाक हैं - उन्होंने अभी मेरे खाते में एक भी निमंत्रण सक्षम नहीं किया है. मैंने ज्यादा जूस्ट देखा नहीं शायद इसलिए ? जो भी हो, जैसे ही यह सक्षम होता है, तत्काल आप सभी को भेजता हूँ.

फिर भी, बीटा टेस्टिंग हेतु आप वहाँ साइट पर पंजीकरण कर सकते हैं. हो सकता है सीधे आपको जूस्ट से ही निमंत्रण प्राप्त हो जाए.

संजय जी, अरूण जी, अभय जी तथा एजी जी,
धन्यवाद.

अरूण जी,
इसमें वो चैनल तो निसंदेह हैं जो भारत में तो आसानी से बैन हो सकते हैं!

बाकी तो सब ठीक है रवि जी लेकिन कम स्पीड वाले तथा लिमिटेड कनेक्शन में बात नहीं बनेगी। मैं २५६ केबीपीएस और महीने की २.५ जीबी लिमिट वाले कनेक्शन पर हूँ, मेरे मतलब की यह चीज नहीं लगती।

"मेरे बीएसएनएल के ब्रॉडबैण्ड में जो कहने को तो 2 एमबीपीएस सेवा है।"

वाह! इसका मासिक शुल्क क्या है?

श्रीश जी,
मेरे पास भी वही 2.5 जीबी सीमा वाला कनेक्शन है बीएसएनएल का, परंतु उसे जनवरी 07 से 2MBPS पर अपग्रेड कर दिया गया है ऐसी जानकारी फ़ोन पर दी गई थी. परंतु स्पीड कभी भी 50-55 KBPS से अधिक नहीं मिलती.

आपकी अमूल्य टिप्पणियों के लिए आपका हार्दिक धन्यवाद.
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