शनिवार, 24 मार्च 2007

मोबाइल से ब्लॉगिंग - क्या आप तैयार हैं?


ब्लॉगर में मोबाइल से ब्लॉगिंग की सुविधा अमरीका में कुछ खास नेटवर्क के जरिए तो कुछ समय से उपलब्ध थी, परंतु भारत में ऐसी सरल सुविधा अब तक नहीं थी. जीपीआरएस एनेबल्ड मोबाइल फ़ोनों और स्मार्ट फ़ोनों के जरिए कुछ मोबाइल एप्स के जरिए तो यह संभव था, परंतु मेरे जैसे आम जनता को जिनके पास बहुत ही बेसिक किस्म का मोबाइल फ़ोन होता है, उससे ब्लॉगिंग संभव नहीं था.

अब इबिबो नाम के ब्लॉगिंग प्लेटफ़ॉर्म में किसी भी मोबाइल के जरिए एसएमएस सेवा के इस्तेमाल से मोबाइल ब्लॉगिंग की सुविधा प्रदान की गई है. इबिबो वही सेवा है जो पिछले कुछ समय से भारतीय जनमानस में ब्लॉग लेखन के प्रति एक लहर पैदा करने की कोशिश कर रही है - ब्लॉगरों को करोड़ों रुपयों का इनाम देने का लालच देकर. परंतु इबिबो के इस प्रयास में खांटी किस्म के ब्लॉगरों ने कन्नी-सी काट रखी है.

मगर, एसएमएस के जरिए ब्लॉगिंग की इस सुविधा से इबिबो के उपयोक्ता आधार में बढ़ोत्तरी निश्चित ही संभव है. मोबाइल ब्लॉगिंग अत्यंत आसान है. पंजीकरण के पश्चात् सिर्फ एसएमएस करने जितना! आपको इबिबो में एक ब्लॉग खाता खोलना होगा, और अपने मोबाइल को इस खाते के लिए पंजीकृत करना होगा. पंजीकरण सुरक्षित है - यानी कि आपके मोबाइल नंबर पर एक एसएमएस के जरिए पासवर्ड भेजा जाएगा जिसे आपको मोबाइल पंजीकरण हेतु इबिबो साइट पर डालना होगा. बस फिर आप तैयार हो जाइए. आपको ब्लॉग लिखने के लिए सिर्फ दो एसएमएस करने होंगे - पहला ब्लॉग प्रविष्टि के लिए. इसके लिए Blog लिखकर स्पेस देकर अपनी ब्लॉग प्रविष्टि लिखें और उसे 676746 पर एसएमएस कर दें. थोड़ी ही देर में आपको एसएमएस के जरिए ब्लॉग का शीर्षक भेजने के लिए कहा जाएगा. इसके लिए आप Posttitle लिखकर स्पेस देकर अपने ब्लॉग का शीर्षक लिख कर 676746 पर एसएमएस कर दें. बस. आपका ब्लॉग तमाम दुनिया के पठन-पाठन हेतु इंटरनेट पर प्रकाशित हो गया. हालाकि इबिबो की यह सेवा मुफ़्त है, परंतु आपको एसएमएस करने के लिए अपने मोबाइल सेवा प्रदाता को तय दरों पर प्रति एसएमएस का भुगतान करना होगा.

मैंने इस सेवा में रिलायंस इंडिया मोबाइल (सीडीएमए) के जरिए एलजी मोबाइल फ़ोन के जरिए हिन्दी में ब्लॉग पोस्ट डालने की कोशिश की. नतीजा रहा ?????????? जो कि आप नीचे देख सकते हैं.

मतलब यह कि हिन्दी यूनिकोड इस बीच कहीं संचार माध्यमों के बीच खंडित हो गई. जबकि इबिबो में हिन्दी समेत अन्य भारतीय भाषाओं में ब्लॉगिंग न सिर्फ संभव है, बल्कि उसमें भारतीय भाषाओं में ऑनलाइन कुंजीपट का भी प्रावधान है. मैंने अपनी यह समस्या इबिबो में दर्ज तो कर दी है - देखते हैं यह बग कब फ़िक्स होता है. अंग्रेज़ी ब्लॉग पोस्ट में कोई समस्या नहीं आई, और अंग्रेज़ी में मोबाइल के जरिए ब्लॉग पोस्ट करना तो वाकई मजेदार अनुभव रहा - अगर लिखने की समस्या को छोड़ दें तो! मगर, फिर ऐसे स्मार्ट-फ़ोन जिनमें आपके हस्तलेख पहचानने की सुविधा हो और उनमें आप डिजिटल पेंसिल जैसी किसी चीज से लिख सकें तो फिर तो आगे मोबाइल ब्लॉगिंग का ही जमाना रहेगा. और, अच्छे कैमरे युक्त मोबाइल फ़ोनों से सीधे ही फ़ोटो ब्लॉगिंग की तो बात ही क्या!

तो, क्या आप तैयार हैं?

Tag ,,,

Add to your del.icio.usdel.icio.us Digg this storyDigg this

6 blogger-facebook:

  1. संजय बेंगाणी3:02 pm

    मुझ जैसे प्राणी को छोड़ दें जिसके पास निजी मोबाइल नहीं है, तो आपके पास हर समय कमप्युटर हो न हो मोबाइल जरूर रहता है. ऐसे में नशेडी टाइप ब्लोगर के लिए यह सुविधा स्वागत योगय है.
    आशा करते है मोबाइल फोंट का हिन्दी युनिकोड फोंट में परिवर्तन का जुगाड़ जल्द ही कर लिया जाएगा.

    उत्तर देंहटाएं
  2. इस टिप्पणी को लेखक द्वारा हटा दिया गया है.

    उत्तर देंहटाएं
  3. बिल्कुल तैयार हैं सर जी.आपसे अनुरोध है कि हिंदी में यह जुगाड आते ही आप हम सब को अवगत कराएं

    1:51 अपराह्न

    उत्तर देंहटाएं
  4. तैयार तो हम भी बैठे हैं पहले से, एकठो समझदार फोन लेकर। ;)

    लेकिन आप यह बताएँ रवि जी, जो हिन्दी प्रयोग आपने LG मोबाईल के साथ किया और जिसका नतीजा "?????" के रूप में आया, क्या आपके LG मोबाईल में हिन्दी यूनिकोड चलता है? मुझे सबसे पहला पंगा तो यहीं लग रहा है। :) आप क्या कहते हैं?

    उत्तर देंहटाएं
  5. जब भी किसी नई सेवा के बारे में सुनता हूँ तो दिमाग में पहला प्रश्न यही आता है कि यूनिकोड को सपोर्ट करती है या नहीं। जानकर निराशा हुई कि मोबाइल से हिन्दी में उपरोक्त सेवा काम नहीं कर रही।

    वैसे सुना था कि सोनी एरिक्सन के नए मोबाइल फोनों में ब्लॉगर.कॉम हेतु ब्लॉगिंग की सुविधा आई है। कोई भाई टैस्ट करके बता सकता है?

    उत्तर देंहटाएं
  6. अमित,
    मेरे विचार में तो यूनिकोड है क्योंकि अन्य कोई भी फ़ॉन्ट होता तो ???? नहीं आता बल्कि अंग्रेज़ी का कचरा आता. वैसे भी जब मैं इस मोबाइल का इंटरफेस हिन्दी करता हूँ तो यह बहुत धीमा हो जाता है - जो कि यूनिकोड के अधिक बाइट खाने के कारण होता है.

    उत्तर देंहटाएं

आपकी अमूल्य टिप्पणियों के लिए आपका हार्दिक धन्यवाद.
कृपया ध्यान दें - स्पैम (वायरस, ट्रोजन व रद्दी साइटों इत्यादि की कड़ियों युक्त)टिप्पणियों की समस्या के कारण टिप्पणियों का मॉडरेशन लागू है. अतः आपकी टिप्पणियों को यहां पर प्रकट होने में कुछ समय लग सकता है.

---------------------------------------------------------

मनपसंद रचनाएँ खोजकर पढ़ें
गूगल प्ले स्टोर से रचनाकार ऐप्प https://play.google.com/store/apps/details?id=com.rachanakar.org इंस्टाल करें. image

--------