शुक्रवार, 26 जुलाई 2013

फर्जी कौन?

clip_image001

 

व्यंज़ल

------

किसे कहें कौन फर्जी है

जिसे परखो वही फर्जी है

 

यह मैं किधर आ गया

इधर तो हवा भी फर्जी है

 

इलाज कैसे हो किसी का

हकीम नीम सब फर्जी है

 

बड़ा विरोधाभास है यहाँ

जो असल है वो फर्जी है

 

नून तेल गैस के दौर में

प्यार की बात फर्जी है

 

सभी तारीफें कर रहे तो

यकीनन फिर रवि फर्जी है

4 टिप्पणियाँ./ अपनी प्रतिक्रिया लिखें:

  1. किसकी बातें माने हम अब, सबने ही फैलायी बातें।

    उत्तर देंहटाएं
  2. दिग्गी जैसे फर्जी को अब भी लगे यह फर्जी.
    समझाए कोई न कुछ समझे तो ये उसकी मर्जी.
    क्या रविकर जी किस का कुछ कर लोगे ,
    उस फर्जी को जब सब दिखे ही फर्जी

    सुन्दर व्यंग रविकर जी बधाई

    उत्तर देंहटाएं
  3. दिग्गी जैसे फर्जी को अब भी लगे यह फर्जी.
    समझाए कोई न कुछ समझे तो ये उसकी मर्जी.
    क्या रविकर जी किस का कुछ कर लोगे ,
    उस फर्जी को जब सब दिखे ही फर्जी

    सुन्दर व्यंग रविकर जी बधाई

    उत्तर देंहटाएं
  4. बहुत सुन्दर कटाक्ष
    इलाज कैसे हो किसी का

    हकीम नीम सब फर्जी है

    उत्तर देंहटाएं

आपकी अमूल्य टिप्पणियों के लिए आपका हार्दिक धन्यवाद.
कृपया ध्यान दें - स्पैम (वायरस, ट्रोजन व रद्दी साइटों इत्यादि की कड़ियों युक्त)टिप्पणियों की समस्या के कारण टिप्पणियों का मॉडरेशन लागू है. अतः आपकी टिप्पणियों को यहां पर प्रकट होने में कुछ समय लग सकता है.

----

----

नया! छींटे और बौछारें का आनंद अपने स्मार्टफ़ोन पर बेहतर तरीके से लें. गूगल प्ले स्टोर से छींटे और बौछारें एंड्रायड ऐप्प image इंस्टाल करें. ---