मंगलवार, 3 अप्रैल 2012

कुछ रचनाकारों व चिट्ठाकारों को जबरन छुट्टी पर नहीं भेज देना चाहिए?

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सेना के मुखिया को जबरन छुट्टी पर भेजने की बात की जा रही है. पर आप यदि अपने इधर आजू बाजू देखेंगे तो पाएंगे कि जनता में से बहुतों को जबरन छुट्टी पर भेजे जाने की जरूरत है. आइए, कुछ पड़ताल करें.

  • · सबसे पहले तो अपने भीतर झांकें. हममें से बहुत से चिट्ठाकारों और रचनाकारों को स्वयं-जबरन-छुट्टी (सेल्फ-फोर्स्ड-लीव) पर नहीं चले जाना चाहिए? इंटरनेट पर कचरा शायद कुछ कम फैलेगा. तो देर किस बात की!
  • · देश के नेताओं को जबरन छुट्टी नहीं भेज देना चाहिए? कुर्सी के लालच में जोड़तोड़ और भ्रष्टाचार के किस्से शायद कुछ कम सुनाई दें!
  • · देश की तमाम पुलिस फोर्स को जबरन छुट्टी पर नहीं भेज देना चाहिए? प्रतिफल में भ्रष्टाचार में भारत की रैंकिंग शायद थोड़ी सी सुधर जाए.
  • · देश के अफसरों को जबरन छुट्टी पर नहीं भेज देना चाहिए? नतीजतन फ़ाइलों के लालफ़ीते खुलेंगे और उनमें लगी धूल शायद कुछ झड़ जाए.
  • · देश की माताओं बहनों को भी घरू कार्य से जबरन छुट्टी पर भेजे जाने की जरूरत है. हमारे जैसे पुरुषों की अक्ल तो उनकी “मायके जाने की धमकी” से ही ठिकाने लग जाती है.
  • · और अंत में, दुनिया भर के पंडितों, मौलवियों, पादरियों, धर्म-गुरुओं को जबरन छुट्टी पर भेजे जाने की जरूरत है. कम से कम धरती पर वापस भाईचारा और मानवता तो स्थापित होने की गुंजाइश दिखेगी.

इस अपूर्ण सूची को परिपूर्ण बनाने में आप भी अपना योगदान दे सकते हैं. (जबरन छुट्टी पर जाने से पहले यह नेक काम तो जरूर करते जाइए!)

9 टिप्पणियाँ./ अपनी प्रतिक्रिया लिखें:

  1. आपकी बात मे दम है ... देखते है कौन कौन जा रहा है छुट्टी पर ... वैसे मुझे तो यह सूची परिपूर्ण लगती है !

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  2. ऐसे तो समूचे राष्ट्र को ही कुछ दिनो की छुट्टी पर रहकर इस विषय में चिंतन करना चाहिए। लेकिन उनका का होगा जिन्हें रोज कूआँ खोदना है!

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  3. :) हम तो लौट आये छुट्टी से ये सब बवाल सुनकर!

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  4. सोचता हूँ किसी दूसरे को छुट्टी पर भेजनें की जगह ऐसे महानुभावों को स्वयं ही छुट्टी पर नही चला जाना चाहिए..:)))
    अरे भाई....हम नेट के लिये पैसे खर्च करते हैं तो कचरा फैलाने का हमारा हक बनता है कि नहीं...:)))
    अब जब कोई सम्पादक हमारी रचनायें छापने को राजी ही नही तो अपने चिट्ठे पर तो लिखनेम दो भाई!...:)))

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  5. पता नहीं, अपने अपने संसार सबके।

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  6. जबरन भेजा जाएगा या सेल्फ-फोर्स्ड-लीव पर, पहले क्लियर कीजिये उसके बाद ही जायेंगे हम तो:)

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  7. ब्‍लॉग से प्राय: ही छुट्टी पर रहनेवाले मुझ जैसों के लिए आपकी सलाह चाहिए।

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  8. :) हम जा रहे हैं छुट्टी पर।

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    1. आपको को तो कोई न भेजे छुट्टी पर! बल्कि आपका अपहरण क्यों न कर लिया जाए और बंदूक की नोक पर कहा जाए कि अभिषेक बेटा, अब लिख - लिखते रह. जब तक तेरी लेखनी चलती रहेगी, तेरी जान चलती रहेगी. इधर तेरी लेखनी रुकी नहीं और इधर बंदूक चली नहीं... :)

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