September 2010

कड़वे आचरण?

(समाचार कतरन साभार - पत्रिका)

जालघरों के प्रतीक

एक बेहद मनोरंजक, जानकारी परक परियोजना – जालघरों के प्रतीक के बारे में आपको बताते हैं. कोई दस लाख जालघरों के पते एकत्र किए गए जो अलेक्सा क...

अंग्रेज़ों, वापस भारत आओ!

दुनिया, सचमुच गोल है. नहीं? --- अब, रूबिक क्यूब से भी बढ़िया एक उलझन-सुलझाऊ पहेली. चित्र में दिखाए गए स्टीरिओ हेडफोन को आप तारों के जंजाल...

हिंदी में लिखने का एक और बढ़िया औजार – विशाल मोनपारा का प्रमुख टाइपपैड

यूँ तो गूगल ट्रांसलिट्रेशन ने यूनिकोड हिंदी लिखना बेहद आसान बना दिया है, मगर सिर्फ चंद लाइनें ही लिखनी हो तब. यदि आप लंबे लेख और उपन्यास ल...

फ़ोर फ़िगर सब्सक्राइबरों की ओर छलांग लगाते हिंदी चिट्ठे

एक हजार नियमित पाठक वाले हिंदी चिट्ठों से किसी भी चिट्ठाकार को जलन हो सकती है. हिंदी ब्लॉगिंग का एक नया मील का पत्थर जल्द ही रखा जाने वाला ह...

इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों में हिंदी – यह किशोरी हिंदी अल्हड़ है और चुलबुली भी

दैनिक भास्कर ने 14 सितंबर 2010 हिंदी दिवस पर 24 पृष्ठों का एक राष्ट्रीय विशेषांक निकाला था. यह एक अलग किस्म की, संग्रहणीय पहल रही. उक्त ...

विरोधाभास की पराकाष्ठा – हिंदी दिवस पर हिंदी भवन सेल!

यह है कल (14 सितंबर हिंदी दिवस) के अखबारों में जोर शोर से दिए गए विज्ञापन की कटिंग - यह तो था भोपाल के हिंदी भवन का हाल. आपके अपने शहरों ...

आपके लिए हिन्दी दिवस विशेष सौगात – शानदार मुफ़्त अंग्रेज़ी-हिंदी-अंग्रेजी शील की डिक्शनरी

वैसे तो ढेरों अंग्रेज़ी हिंदी / हिंदी अंग्रेज़ी शब्दकोश अब हमारे ऑनलाइन व ऑफलाइन उपयोग के लिए उपलब्ध हैं, मगर यह डिक्शनरी अपने आप में अलग है...

लीजिए, पेश है हिंदी का पहला स्पैम कमेंट!

हिंदी ब्लॉगों में वैसे तो नाइस, बढ़िया लिखा है, स्वागत है, सुंदर इत्यादि कमेंट स्पैम की श्रेणी में ही आते हैं, मगर अगर इन्हें नजर अंदाज नहीं...

हिंदी के एकमात्र पूर्णकालिक ब्लॉगर शैलेश भारतवासी का जीवंत साक्षात्कार - देखिए तकनीकी दुनिया से साहित्यिक संसार के चुनौतीभरे उनके सफर की रोमांचक दास्तां

इलेक्ट्रानिकी एवम् संचारिकी में बी.टेक. शैलेश भारतवासी अपने आप को हिंदी के एकमात्र पूर्णकालिक ब्लॉगर कहलाना पसंद करते हैं. शैलेश को हिंदी ब्...