बुधवार, 29 सितंबर 2010

कड़वे आचरण?

krantikari sant

(समाचार कतरन साभार - पत्रिका)

3 टिप्पणियाँ./ अपनी प्रतिक्रिया लिखें:

  1. पर उपदेश कुशल बहुतेरे....

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  2. अधिक जानकारियॉं कष्‍टदायक होती हैं। नासमझ अधिक सुखी रहते हैं। कडवा कहनेवाले, कडवा सुनने को तैयार नहीं होते।

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  3. प्रणाम
    कुछ समझ में नहीं आया , खैर आज ही ब्लागों की दुनिया में
    आया हूँ । सर्वप्रथम आपका कोटि कोटि ध्न्यवाद क्योंकि
    मैने आपके ब्लाग प्रेरणा ली, आशीर्वाद दें, ये मेरा अधिकार है।

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