सोमवार, 31 अगस्त 2009

थकेले दिग्गजों की तरफ से आपके लिए ब्लॉगिंग टिप्स...

वैसे तो अपने तमाम हिन्दी चिट्ठाकारों ने समय समय पर ब्लॉग उपदेश दिए हैं कि चिट्ठाकारी में क्या करो और क्या न करो. परंतु अभी हाल ही में दो सु...

गुरुवार, 27 अगस्त 2009

आइए, अपन भी खारिज करें चारसौबीस को

चार सौ बीस की संख्या से कौन सबसे ज्यादा भय खाता है? चार सौ बीस के अंक से सबसे ज्यादा आतंकित कौन रहता है? चार सौ बीस का आंकड़ा दिन रात जाग...

बुधवार, 26 अगस्त 2009

एमएस ऑफ़िस 2010 – तकनीकी पूर्वावलोकन

दुनिया भर के तमाम कम्प्यूटरों पर ऑफ़िस अनुप्रयोगों में पहले नंबर पर सदा सर्वदा से दौड़ रहे एमएस ऑफ़िस का नया ताज़ा संस्करण – ऑफ़िस 2010 टेक्...

बुधवार, 19 अगस्त 2009

हिन्दी वालों के लिए काम का, मुफ़्त औजार - Bilingual Smart tag dictionaries (English-Hindi)

यदि आप एमएस वर्ड (एक्सेल, पावरपाइंट, आउटलुक इत्यादि में भी) में हिन्दी या अंग्रेज़ी में काम करते हैं तो बाइलिंग्वल स्मार्ट टैग अंग्रेज़ी हिन...

मंगलवार, 18 अगस्त 2009

ये वेबिनार क्या है ये वेबिनार?

अभी तक तो सेमिनार से वास्ता पड़ा था. धन्यवाद इंटरनेट और इंटरनेट तकनॉलाज़ी. अब आप वेबिनार के जरिए घर बैठे अपने कम्प्यूटर पर वेब यानी इंटर...

गुरुवार, 13 अगस्त 2009

गुमशुदा की तलाश : अक्षरग्राम, सर्वज्ञ, परिचर्चा – जहां कहीं भी हो चले आओ, तुम्हें कोई कुछ नहीं कहेगा.

  इंटरनेट पर हिन्दी के शुरूआती दिनों में हिन्दी के पाँव जमाने में कुछ खूबसूरत प्रकल्पों का बड़ा हाथ रहा है. इनमें अक्षरग्राम , उसका सर...

सोमवार, 10 अगस्त 2009

अमंगलकारी मंगल फ़ॉन्ट

क्या आप अपने कम्प्यूटर के डिफ़ॉल्ट मंगल फ़ॉन्ट से परेशान हैं? देखें कि इसका रूप बदलने के लिए क्या कुछ किया जा सकता है- लिनक्स गीक इसीलिए वि...

बुधवार, 5 अगस्त 2009

तेरे मिस कॉल ने तो बड़ा चूना लगा दिया मेरे दोस्त!

आमतौर पर जब आपके मोबाइल में अज्ञात नंबर का मिस कॉल आता है तो आप क्या करते हैं? यदि आप बिजनेस में हैं, पत्रकार हैं, या सदैव संपर्क में र...

मंगलवार, 4 अगस्त 2009

हिन्दी में तीन लाख ब्लॉग?

ये मैं नहीं कह रहा. आलोक तोमर ने अपने ब्लॉग में ने ये खुलासा किया है - “….मगर जहां तक नेट का समाज नहीं होने की बात है, वहां नेट से ...

सोमवार, 3 अगस्त 2009

एक मच्छर साला आदमी को इम्यून बना देता है!

कहावत है कि घूरे के भी दिन फिरते हैं. मच्छरों के भी दिन फिर गए हैं. अब तक तो हम सभी मच्छर भगाने के, मच्छर मारने के तमाम जतन करते फिरते थे....

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