व्यंग्यविविध | तकनीकीहिन्दीछींटें और बौछारें

***************************************************************

Google
 

Saturday, March 28, 2009

खच्चरिया ग्लैमर या ग्लैमरस खच्चर.

ह, सच कहा है. सुंदरता तो, देखने वाले की आँखों में बसती है. और ग्लैमर? आज का ग्लैमर तो अधिकांश खच्चरिया ही होता है. ज्ञानदत्त जी को खच्चर में ग्लैमर भले ही दिखाई न दिए हों, मगर यहाँ देखिए – एक से एक ग्लैमरस खच्चर. खच्चर एक रूप अनेक. बस थोड़ा सा रंग रोगन की जरूरत है और ग्लैमर हाजिर.

khachhariya glamour4

(कलाकार की खच्चरिया कूंची?)

 

khachhariya glamour9

(चिक में से झांकती हसीना?)

 

khachhariya glamour8

(ग्लैमरस प्रतिबिम्ब?)

 

khachhariya glamour10

(बर्निंग सेंशेसन…)

 

और.. अंत में -

khachhariya glamour11 -pinup

(पिन अप सुंदरी?)

अब तो आप मानेंगे कि वास्तविक ग्लैमर कम्प्यूटर प्रोग्रामों के जरिए ही मिलता है? आप भी अपने दीगर चित्रों में निजी प्रयोग के लिए फ्री-फोकट में उपलब्ध प्रोग्राम फ़ोटोफ़िल्टर के फिल्टर औजारों के जरिए ऐसे ही ग्लैमरस प्रभाव डाल सकते हैं.

7 टिप्पणियाँ./ अपनी प्रतिक्रिया लिखें:

ज्ञानदत्त पाण्डेय | G.D.Pandey said...

अभिभूत हुआ! सही में आपमें एक कलाकार कर्मयोगी का दिल है।

रंजना said...

आज का दिन तो खच्चर के लिए बड़ा ही शुभ निकला....पता नहीं किसका मुंह देखकर उठा होगा....सभी उसपर मेहरबान हैं..

दिनेशराय द्विवेदी Dineshrai Dwivedi said...

ज्ञान जी के खच्चर को ग्लेमर प्रदान करने के लिए धन्यवाद! और तरकीब बताने के लिए भी कि वे खुद उसे ग्लेमर प्रदान कर सकें।

दर्पण साह 'दर्शन' said...

Gayan dutt ji ka pehla comment apekshit hi tha..
hahaha :)

योगेन्द्र मौदगिल said...

बेहतरीन प्रस्तुति के लिये बधाई स्वीकारें

रवीन्द्र रंजन said...

वाह ये खच्चर तो वाकई बड़ा ही ग्लैमरस है...

Post a Comment

आपकी अमूल्य टिप्पणियों के लिए आपका हार्दिक धन्यवाद.
कृपया ध्यान दें - स्पैम (वायरस, ट्रोजन व रद्दी साइटों इत्यादि की कड़ियों युक्त)टिप्पणियों की समस्या के कारण टिप्पणियों का मॉडरेशन न चाहते हुए भी लागू है. अतः आपकी टिप्पणियों को यहां पर प्रकट व प्रदर्शित होने में कुछ समय लग सकता है.